JagranJunction Blogs

Aapki Awaaz, Aapka Blog. Your Voice, Your Blog.

60,000 Posts

61598 comments

Reader Blogs are not moderated, Jagran is not responsible for the views, opinions and content posted by the readers.
blogid : 1 postid : 1341282

रिश्तों को निभाने के लिए अपनी ख्वाहिशों की बलि देना भी बताना होगा

Posted On: 19 Jul, 2017 Others,Others में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

आपने (शिक्षिका) कहा कि मेरा बच्चा लिखता नहीं है, तो मुझे यह कहते हुए बिल्कुकल संकोच नहीं हो रहा है कि… हां, सच में उसे लिखना नहीं आता और हां मैं अपने जिगर के टुकड़े को चार घण्टे के लिए इस भरोसे ही आप के हवाले सौंप देता हूं कि वही सुरक्षा और वही लाड के साथ-साथ आप उसे लिखना-पढ़ना भी सिखायेंगी। मुझे उम्मीद है कि आप ऐसा कर रही होंगी।

baby

उसे आप से बहुत कुछ सीखना अभी बाकी है। उसे आपको, बड़ों का सम्मान करना और दुनियादारी के तरीकों से भी अवगत कराना होगा। उसे रिश्तों को निभाने के लिए अपनी ख्वाहिशों की बलि देना भी बताना होगा। उसे जीतना सिखाने के साथ-साथ बिना हारे ही हार का कड़वा स्वाद चखाना भी हमारी संयुक्त जिम्मेदारी है।

उसे खुशी में खुशी की पराकाष्ठा तक चहकना और दुख मे बेइंतहा रोने का पाठ भी हमें मिलकर ही पढ़ाना होगा। यह बच्चा बहुत मासूम है। इसे अच्छे-बुरे का भेद नहीं पता, तो गलत और सही में फर्क करना भी इसे हमें ही बताना होगा। दुनिया में सज्जन के साथ दुर्जन भी प्रचुर मात्रा में हैं, तो सज्जनों के समक्ष सरल और दुर्जनों के समक्ष कठोर होने का ज्ञान भी हमें ही उसे देना होगा।

मुझे नहीं पता आप कितना कर सकती हैं पर उतना जरूर करें जितना आप कर सकें और मैं भी अपना सर्वश्रेष्ठ करने की कोशिश कर रहा हूं। मुझे विश्वास है कि हम इस सुकोमल बच्चे को हर स्थिति का सामना करने लायक सख्त और एक सफल इंसान जरूर बना पायेंगे।

Rate this Article:

0 votes, average: 0.00 out of 50 votes, average: 0.00 out of 50 votes, average: 0.00 out of 50 votes, average: 0.00 out of 50 votes, average: 0.00 out of 5 (0 votes, average: 0.00 out of 5, rated)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



latest from jagran