blogid : 249 postid : 506

पटियाला हाउस (फिल्म पूर्वालोकन)

Posted On: 11 Feb, 2011 Others में

Entertainment BlogAll about movies and reviews!

Movie Reviews Blog

217 Posts

243 Comments

Patiala Houseनिर्माता : भूषण कुमार, मुकेश तलरेजा, किशन कुमार, ट्विंकल खन्ना, जोएब स्प्रिंगवाला
निर्देशक : निखिल आडवाणी
कलाकार : अक्षय कुमार, अनुष्का शर्मा, ऋषि कपूर, डिम्पल कपा‍ड़िया, प्रेम चोपड़ा, टीनू आनंद.
संगीत : शंकर-एहसान-लॉय
बैनर : हरी ओम इंटरनेशनल कं., टी-सीरीज, पीपल ट्री फिल्म्स प्रा.लि.
रिलीज डेट : 11 फरवरी 2011

ड्रामा

एक के बाद एक फ्लॉप फिल्म देने के बाद ‘पटियाला हाउस’ खिलाड़ी कुमार (अक्षय कुमार) के लिए बहुत महत्वपूर्ण फिल्म है. केवल अक्षय कुमार ही नहीं बल्कि फिल्म के निर्देशक निखिल आडवणी को भी इस फिल्म से बहुत उम्मीद है.

फिल्म की कहानी

Patiala house गोरों के देश में हिन्दुस्तानी परिवार. विदेश में रहने के बावज़ूद उतना देशी जितना कोई भारत के गांव में रहना वाला हो सकता है. चार पी‍ढ़ियां बीत गयी साउथहॉल लंदन में रहते हुए लेकिन संस्कृति और परंपरा के धागे से बंधा यह परिवार अभी भी एक साथ खड़ा है. परिवार के मुखिया बाबूजी (ऋषि कपूर) जिनके कुछ कानून-कायदे हैं, जिनका पालन करना परिवार के हर सदस्य के लिए अनिवार्य है, भले ही वह कायदे आपको अच्छे लगें या ना लगें. बाबूजी का एक नियम है कुछ भी हो जाए भारतीय संस्कृति का पालन उनका परिवार हमेशा करता रहे.

भले ही बाबूजी इंग्लैंड में रहते हैं लेकिन उनको हर विदेशी चीज़ से नफ़रत है. सही मायने में उन्हें नफ़रत है विदेशी शब्द से. बाबूजी की विदेशी शब्द से नफ़रत के पीछे भी कारण है. 20 वर्ष पहले की एक घटना में वरिष्ठ नेता और वकील मि. सैनी की हत्या कर दी गई थी. मि. सैनी को बाबूजी अपना आदर्श मानते थे और अंग्रेजों को उनकी हत्या का जिम्मेदार. अतः वह ब्रिटेन से चिढ़ने लगे.

दूसरी तरफ़ बाबूजी का बेटा परघट सिंह उर्फ गट्टू (अक्षय कुमार) एक उभरता हुआ तेज गेंदबाज है जो इंग्लैंड टीम से क्रिकेट खेलना चाहता है. लेकिन गट्टू का इंग्लैंड की Patiala House    तरफ़ से क्रिकेट खेलना इतना आसान नहीं है, क्योंकि अगर वह इंग्लैंड की तरफ़ से क्रिकेट खेलता है तो उसे सामना करना पड़ेगा अपने बाबूजी का जो ब्रिटिश शब्द से भी चिढ़ते हैं.

अब गट्टू के सामने हैं दो राहें. एक तरफ़ हैं बाबूजी जिसे वह किसी भी हालत में चोट नहीं पहुँचाना चाहता है तों दूसरी तरफ़ है उसका सपना – “उसका जुनून क्रिकेट की तरफ़.” अब देखना यह है कि गट्टू किसे चुनता है अपने सपने को या अपने बाबूजी को.

क्रिकेट वर्ल्ड कप से ठीक पहले क्रिकेट पर आधारित फिल्म को रिलीज करना कहीं निखिल अडवाणी का फिल्म को प्रमोट करने का नया फंडा तो नहीं !

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (1 votes, average: 3.00 out of 5)
Loading...
  • Facebook
  • SocialTwist Tell-a-Friend

अन्य ब्लॉग