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मैच का फीवर

Posted On: 19 Mar, 2012 Others में

Hum bhi kuch kahen....दिल की आवाज....

Malik Parveen

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asia cup

कल १८-३-२०१२ को सुबह उठे और सबने प्लान बनाया की आज सारे काम जल्दी कर लेंगे क्यूंकि दोपहर में मैच देखना था ! भारत और पाकिस्तान का मैच जो था ! जो की हमेशा की तरह रोमांचंक होता है ! खेर सुबह गए फैक्ट्री में , वैसे तो रविवार था लेकिन होली के कारन पहले काफी छुट्टी हो चुकी थी तो दिशा निर्देश दिए गए की रविवार को काम कराया जाये ! लेकिन ये क्या वहां पर चंद लोग मौजूद थे ! अब कुछ लोगो से पूरी लाइन तो नहीं चल सकती थी इसीलिए सोचा गया की सबको फ़ोन करके बुलाया जाये ! रजिस्टर उठाया सबको बारी बारी फोन किया तो एक ही जवाब मिला की चाहे आज तीन गुना ओवर टाइम में लाइन चलाओ पर हम नहीं आ सकते ! हम होली वाले दिन आ सकते थे लेकिन आज नहीं आज हम सिर्फ मैच देखेंगे ! सबको कहा गया की चार गुना ओवर टाइम देंगे लेकिन सबने जैसे कसम खा रखी हो कोई भी तैयार ना हुआ ! हारकर जो लोग आये थे उनको भी छुट्टी पर भेज दिया की जाओ आप लोग भी मैच देखो !

फिर घर आये तो देखा की कालोनी में लाइट की तारों को कड़ा किया जा रहा था जिसके कारन लाइट को बंद कर दिया गया था ! घर आके देखा बच्चे कार्टून देख रहे हैं ! उनको कहा की बेटा टीवी बंद कर दो दोपहर में मैच देखना है आज लाइट नहीं है अगर आप अभी बंद नहीं करोगे तो फिर मैच नहीं देख पाएंगे ! बच्चे तो जैसे आप सब जानते ही हैं की क्या जवाब दिया होगा — फिर भी मैं बता देती हु की क्या कहा — क्यूँ मैच देखना जरुरी है क्या ? पिछले २ दिन पहले भी तो देखा था ! जीतने के करीब पहुंचकर हार गए ! हमें नहीं देखना मैच ! हम तो टीवी में कार्टून ही देखेंगे ! और अब छुट्टियाँ हैं तो हमारी मर्ज़ी चलेगी की हम क्या देखेंगे बाकि दिनों आप लोग देखते हो ! तब आपकी मर्ज़ी चलती है ! बाप रे बाप इतना गुस्सा एक मैच हार गए तो क्या हुआ बेटा आज भारत और पाक का मैच है ! तो क्या हुआ आज कोण सा अलग से होगा वाही प्लायेर्स खेलेंगे न फिर आज का मैच इतना महत्वपूरण क्यूँ है ? अब उनकी बातो का कोई जवाब ना देते हुए बैठ गए ! समय हो गया मैच शुरू होने का !

मैच शुरू हो गया ! पाक ने टॉस जीत लिया और पहले बल्लेबाजी करने का फैसला कर लिया ! और फिर लगातार रन बनाते चले गए ! अच्छा खेल रहे थे पाक के बल्लेबाज ! तभी इन्वेर्टर ने सीटी बजानी शुरू कर दी … लो भाई हो गया मैच अब क्या करे अब कैसे देखे मैच ? ..
फिर यकायक ख्याल आया की चलो लैपटॉप पे नेट से देख लेते हैं तभी फटाफट लैपटॉप ऑन किया और नेट जोड़ने का प्रयास किया लेकिन सिग्नल कम होने की वजह से संपर्क नहीं हो पाया और फिर से निराशा के बदल छा गए दिलो दिमाग पर ! . लगता है आज का मैच नसीब में ही नहीं है और मन ही मन कुढ़ते हुए सो गए लाइट का कोई अता पता नहीं था ! ६ बजे अचनक ख्याल आया की स्कोर तो देख ही सकते हैं मोबाइल पे ! और फटाफट मोबाइल पे लोगिन करके स्कोर देखा और देखके …. Total Score: 329/6 (50 Over) . अरे स्कोर तो बड़ा है क्या हम जीत पाएंगे ?? तभी लाइट आ गयी और फिर से विराजमान हो गए टीवी के सामने ! फिर जो देखा तो बस क्या मैच था ! कितना बढ़िया खेले भारतीय खिलाडी ! पाक के भी अच्छा खेले तभी इतना बड़ा स्कोर खड़ा किया ! लेकिन उस स्कोर को पकड़ना और जीतना एक चुनौती से कम ना था ! भारतीय खिलाडियों ने भरपूर कोशिश की और सफल रहे ! विराट तो कल छा ही गए ! और हम मैच जीत गए ! बहुत ख़ुशी हुयी देखकर !


हर मैच जब जीत जाते हैं तो ख़ुशी होती है लेकिन पाक के साथ जीतने की ख़ुशी कुछ अलग ही होती हैं ! ऐसा क्यूँ है ? ये मैच सिर्फ मैच ना रहकर इज्ज़त का सवाल बन जाता है क्यूँ?? भारत और पाक के मैच के लिए लोग काम धंधा छोड़ कर बैठ जाते हैं क्यूँ? ?? भारत और पाक के मैच के दिन गलियां और मार्केट सुनी हो जाती हैं क्यूँ ?? क्या ये मैच हमें भारत पाक की लड़ाई की तरह लगता है ?? की जीतना ही है बस चाहे जो हो जाये …..

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