blogid : 26149 postid : 1546

आठ बहन-भाईयों के साथ झुग्गी में रहते थे गौतम अडानी, आज इतनी दौलत के हैं मालिक

Posted On: 24 Jun, 2019 Others में

Pratima Jaiswal

OthersJust another Jagranjunction Blogs Sites site

Others Blog

221 Posts

1 Comment

कहते हैं वक्त बदलते हुए देर नहीं लगती, जो वक्त आपको आज काटना मुश्किल हो रहा है, वो एक दिन ऐसे बदलेगा कि आपको पल-पल बहुत ही सुखद लगेगा। हमारे आसपास ऐसे बहुत से लोग हैं, जिनपर यह बात बिल्कुल सही बैठती है। देश के कामयाब बिजनेसमैन गौतम अडानी का नाम ऐसी ही लोगों की लिस्ट में आता है। आज उनका कारोबार पूरी दुनिया के कोयला व्यापार, खनन, तेल एवं गैस वितरण, बंदरगाह, मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक, बिजली उत्पादन-पारेषण तक फैला हुआ है लेकिन कभी ऐसा वक्त था कि उन्हें एक वक्त की रोटी जुटाने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ती थी।

 

 

गरीबी में बिता बचपन, चॉल में रहते थे अडानी
देश के चुनिंदा अरबपतियों में गिने जाने वाले गौतम अडानी का आज जन्मदिन है। उनका जन्म 24 जून 1962 को अहमदाबाद के गुजराती जैन परिवार में हुआ था। 8 भाई-बहनों में एक गौतम अडानी के घर की हालत ऐसी नहीं थी कि वे अरबपति बनने का ख्वाब भी देख सकें लेकिन अपनी लगन और विजन के दम पर उन्होंने ऐसा कर दिखाया। 1980 के दशक के वक्त अडानी अपने अहमदाबाद शहर में बचपन के साथी मलय महादेविया के स्कूटर पर पीछे बैठे लोगों को दिख जाया करते थे। माली हालत खराब होने से ही उनके पिता अहमदाबाद के पोल इलाके की शेठ चॉल में रहते थे। गौतम अडानी की शुरुआती पढ़ाई अहमदाबाद के सीएन विद्यालय से हुई। ग्रेजुएशन के लिए उन्होंने गुजरात यूनिवर्सिटी के कॉमर्स में दाखिला तो लिया, लेकिन वह पढ़ाई पूरी नहीं कर सके। कॉलेज के दिनों में उन्हें लगने लगा था कि किताबी पढ़ाई उनके लिए नहीं है।

 

 

100 रुपए लेकर मुंबई आए थे गौतम
ग्रेजुएशन के दूसरे साल में उन्होंने कॉलेज छोड़कर सबको चौंका दिया। जेब में सिर्फ 100 रुपए लेकर अडानी सपनों की नगरी मुंबई पहुंचे। यहां उन्हें पहली नौकरी महिंद्र ब्रदर्स के मुंबई ब्रांच में मिली। यहां उनका काम हीरे छांटना था। कारोबार का ककहरा सीखते-सीखते अडानी अपने दिमाग में आगे की रणनीति भी तय कर रहे थे। अडानी ने मुंबई के सबसे बड़े ज्वैलरी मार्केट जावेरी बाजार में डायमंड ब्रोकरेज का काम शुरू किया था।
अडानी ने अपनी किस्मत अपनी मेहनत से बनाई है। ऐसे दौर में जब उनका परिवार वित्तीय तंगी से जूझ रहा था तब उन्होंने कॉलेज की पढ़ाई छोड़कर खुद अपना रास्ता बनाने का फैसला किया। उनके इस फैसले से उनके पिता शांतिलाल अडानी कतई खुश नहीं थे। लेकिन अपनी धुन के पक्के गौतम अडानी ने वही किया जो उन्होंने करना चाहा।

 

 

इतनी संपत्ति के मालिक है अडानी
अडानी ने अपने दम पर अडानी पावर लिमिटेड की शुरुआत की। इनकी कामयाबी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि इनका शुमार फोर्ब्स मैगजीन के टॉप 10 भारतीयों में हुआ था। 2019 के आंकड़ों के अनुसार इनकी संपत्ति 7,65,48,89,00,000।00 यानी 1,100 करोड़ यूएस डॉलर हैं ।
1988 में अडानी ग्रुप की नींव डाली। शुरुआती साल में ग्रुप का फोकस एग्रो कमोडिटी और पावर पर रहा। 1991 तक कंपनी दोनों कारोबार में बेहतर कर रही थी लेकिन अडानी का मानना था कि यह दूसरे कारोबार में उतरने का सही वक्त है।…Next

 

Read More :

‘सूर्य नमस्कार’ के लिए सुबह सिर्फ 5 मिनट निकालकर आप इन परेशानियों से पा सकते हैं मुक्ति

World Music Day 2019: मोहम्मद रफी के गानों का दीवाना था कैदी, फांसी पर चढ़ने से पहले इस गाने को सुनने की थी आखिरी इच्छा

कोई पुलिस तो कोई बना एक्टर, मैदान छोड़ने के बाद इन प्रोफेशन में हैं ये 7 मशहूर क्रिकेट

 

Rate this Article:

  • Facebook
  • SocialTwist Tell-a-Friend

अन्य ब्लॉग