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दिन भर में 1 घंटे भी 'मेहनत' नहीं करती लड़कियां, कैंसर जैसी जानलेवा बीमारियों का खतरा बढ़ा

Posted On: 25 Nov, 2019 Others में

Rizwan Noor Khan

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टीनएज लड़कियां शारीरिक सक्रियता के मामले में बेहद पीछे हैं। वैश्विक रिपोर्ट में खुलासे के बाद से उनके गंभीर बीमारियों की चपेट में आने के खतरे बढ़ गए हैं। रिपोर्ट में खुलाया किया गया है कि 24 घंटे में टीनएजर्स एक घंटे भी शारीरिक मेहनत नहीं करते हैं। उनकी कम होती फिजिकल एक्टिविटी से यूनाइटेड नेशंस ने चिंता जताई है।

 

 

 

 

मंदबुद्धि, अपंग और कैंसर का खतरा
वर्ल्‍ड हेल्‍थ ऑर्गनाइजेशन (WHO) की ताजा रिपोर्ट के खुलासे से अभिभावकों की चिंता बढ़ गई है। क्‍योंकि 146 देशों के बच्‍चों पर किए गए शोध में पाया गया है कि वह फिजिकली एक्टिव नहीं हैं। ऐसे में वह मोटापा, अपंगता, मंदबुद्धि, कैंसर और अर्थराइटिस जैसी गंभीर बीमारियों की चपेट में आ सकते हैं। लगातार 15 साल तक किए गए शोध के बाद यह रिपोर्ट जारी की गई है।

 

 

 

 

15 तक शोध के बाद आई रिपोर्ट
शोधकर्ताओं की टीम को लीड करने वाली डब्‍ल्‍यूएचओ की डॉक्‍टर रेजिना गटहोल्‍ड ने टीनएज बच्‍चों की कम होती शारीरिक सक्रियता पर चिंता जताई है। उन्‍होंने बताया कि शोधार्कताओं ने 11 से 17 साल तक के लड़के और लड़कियों पर 15 साल तक उनकी दिनचर्या पर नजर रखी है। 24 घंटे में सिर्फ एक घंटे फिजिकल एक्टिविटी करने का पैमाना तय किया गया।

 

 

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60 सेकेंड भी शारीरिक मेहनत नहीं
रिपोर्ट के मुताबिक एक घंटे के पैमाने पर भी यह टीनएजर्स खरे नहीं उतर सके हैं। इसमें 80 फीसदी गर्ल्‍स हैं जो यह पैमाना नहीं छू सकी हैं। 60 सेकेंड यानी एक घंटे के पैमाने पर गर्ल्‍स के खरे नहीं उतरने का संकेत है कि वह भविष्‍य में गंभीर शारीरिक और मानसिक बीमारियों का शिकार हो सकती हैं। शोधकर्ता मानते हैं कि फिजिकल एक्टिविटी कम बच्‍चे शाई नेचर के होते जा रहे हैं और सेल्‍फ मोड में भी जा रहे हैं।

 

 

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बच्‍चों की शारीरिक एक्टिविटी बढ़ाएं
डब्‍ल्‍यूएचओ के शोधकर्ताओं और चिकित्‍सकों ने अभिभावकों को ज्‍यादा सचेत रहने की जरूरत बताई है। सलाह दी है कि बच्‍चों को फिजिकल एक्टिविटी के लिए इनकरेज करें और उन्‍हें गैजेट्स से दूर करना शुरू करें। योग, व्‍यायाम, कसरत और मॉर्निंग वॉक में साथ भी ले जा सकते हैं। इसके अलावा बच्‍चों को आउटडोर स्‍पोर्ट्स, साइक्लिंग, स्विमिंग करने के लिए प्रेरित करें। विशेषज्ञों के मुताबिक अभिभावक अगर अपने बच्‍चों से इन स्‍टेप्‍स को फॉलो करा लेते हैं तो उनका भविष्‍य और स्‍वास्‍थ्‍य संवारा जा सकता है।…Next

 

 

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