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Bhupinder Singh Hooda - हरियाणा के मुख्यमंत्री भुपिंदर सिंह हुड्डा

Posted On: 27 Oct, 2011 Politics में

Political Blogराजनीतिक नेताओं के व्यक्तित्व-कृतीत्व सहित उनकी उपलब्धियों को दर्शाता ब्लॉग

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bhupinder singh hoodaभुपिंदर सिंह हुड्डा का जीवन परिचय

भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सदस्य और हरियाणा के वर्तमान मुख्यमंत्री भुपिंदर सिंह हुड्डा का जन्म 15 सितंबर, 1947 को हरियाणा के रोहतक जिले में हुआ था. इनके पिता चौधरी रणबीर सिंह एक विख्यात स्वतंत्रता सेनानी थे. भुपिंदर सिंह हुड्डा ने सैनिक स्कूल, कुंजपुरा (हरियाणा) से अपनी स्कूली शिक्षा ग्रहण करने के बाद पंजाब यूनिवर्सिटी से स्नातक और दिल्ली विश्वविद्यालय से कानून की पढ़ाई पूरी की. वर्ष 1976 में भुपिंदर सिंह हुड्डा ने आशा दहिया से विवाह संपन्न किया. इनके दोनों बच्चे विवाहित हैं. हुड्डा के पुत्र दिपेंदर सिंह हुड्डा रोहतक निर्वाचन क्षेत्र से सांसद हैं.


भुपिंदर सिंह हुड्डा का व्यक्तित्व

भुपिंदर सिंह हुड्डा एक ऊर्जावान व्यक्तित्व वाले नेता हैं, जो पूर्ण रूप से अपने राज्य और उसके नागरिकों के विकास के लिए समर्पित हैं. अपने प्रशसंकों के बीच वह भूमि पुत्र नाम से संबोधित किए जाते हैं.


भुपिंदर सिंह हुड्डा का राजनैतिक सफर

अपने पिता द्वारा दिखाई गई राह का अनुसरण करते हुए भुपिंदर सिंह हुड्डा ने भी नागरिकों की सेवा और उनकी प्रगति को अपना ध्येय मान लिया. इसी उद्देश्य की पूर्ति करते हुए उन्होंने वर्ष 1972 में राजनीति में प्रदार्पण किया. कॅरियर के शुरुआती दिनों में भुपिंदर सिंह हुड्डा किलोई, हरियाणा के ब्लॉक कांग्रेस समिति के अध्यक्ष बने. इस पद पर वह वर्ष 1972-1977 तक रहे. भुपिंदर सिंह हुड्डा लगातार चार बार 1991, 1996, 1998, 2004 में लोकसभा के सदस्य बने. इसके साथ ही वह वर्ष 2001-2004 तक हरियाणा विधानसभा में विपक्ष के नेता भी रह चुके हैं. वर्ष 1996 से 2001 तक वह हरियाणा प्रदेश कांग्रेस समिति के अध्यक्ष पद पर भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं. भुपिंदर सिंह हुड्डा ने लगातार तीन लोकसभा चुनाव हरियाणा के पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी देवी लाल को हरा कर जीता था. वर्ष 2005 में दसवें हरियाणा विधानसभा चुनावों में अपने निर्वाच क्षेत्र किलोई से रिकॉर्ड मतांतरों से जीतने के बाद भुपिंदर सिंह हुड्डा प्रदेश के मुख्यमंत्री बनाए गए. हरियाणा में अभी तक किसी भी राजनैतिक दल को दूसरी बार सत्ता में आने का मौका नहीं मिला था, लेकिन वर्ष 2009 में कांग्रेस की ही टिकट से दोबारा मुख्यमंत्री बनने के बाद भुपिंदर सिंह हुड्डा ने इस चलन को समाप्त कर एक नया रिकॉर्ड अपने नाम किया.


भुपिंदर सिंह हुड्डा से जुड़े विवाद

  • भुपिंदर सिंह हुड्डा पर अकसर यह आरोप लगते रहे हैं कि उनके द्वारा निर्धारित योजनाएं सिर्फ रोहतक जो कि उनका गृहनगर है, तक ही सीमित रहती हैं. वह पूरे हरियाणा के विकास की ओर ध्यान नहीं देते .
  • भुपिंदर सिंह हुड्डा पर यह आरोप भी लगाए गए हैं कि वह अपनी सत्ता और ताकत का गलत प्रयोग करते हैं. वह गरीब किसानों से सस्ते दामों पर जमीन खरीद कर ज्यादा पैसों में प्राइवेट कंपनियों को बेच देते हैं.

कई देशों में भारत का प्रतिनिधित्व करने वाले भुपिंदर सिंह हुड्डा पढ़ने और विभिन्न खेलों में रुचि रखते हैं. इन्होंने कई देशों में विभिन्न मुद्दों पर हुए अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों में भी भाग लिया है. इन सबके अलावा भुपिंदर सिंह हुड्डा विभिन्न संस्थाओं और सामाजिक संगठनों, जो मानव विकास के लिए अग्रसर हैं, से भी किसी ना किसी रूप में जुड़े हैं.


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