blogid : 19157 postid : 1388366

इस गुफा में वेद व्यास ने लिखा था महाभारत ग्रंथ, आज इस नाम से है प्रसिद्ध

Posted On: 4 Sep, 2019 Spiritual में

Pratima Jaiswal

religious blogJust another Jagranjunction Blogs weblog

religious

781 Posts

132 Comments

पौराणिक मान्यताओं की महाभारत की घटनाएं हमेशा से लोगों का ध्यान अपनी तरफ खींचती रही है। इसकी कहानियों में कई सारे पात्र हैंं, जो अपने आप में एक संदेश देते हैं। ऐसे में लोगों के मन में एक ये सवाल आता है कि आखिर किसने महाभारत को लिखा और आखिर कहां लिखी गई महाभारत। आइए जानते हैं कहां मौजूद है वो स्थान, जहां लिखी गई महाभारत-

 

महाभारत ग्रंथ के रचयिता हैं महर्षि वेदव्यास

महर्षि वेदव्यास ने समस्त विवरणों के साथ महाभारत ग्रन्थ की रचना की थी। हिन्दू धर्म में मान्यता है कि महाभारत में उल्लेखित घटनाएं सत्य और प्रमाणिक वृत्तांत है। महर्षि वेदव्यास न केवल महाभारत के रचयिता हैं, बल्कि वह उन घटनाओंं के भी साक्षी रहे हैं जो क्रमानुसार घटित हुई हैं।

 

 

Mahabharata vyas

 

भगवान गणेश ने वेदव्यास के महाभारत को लिखा

भगवान शिव और देवी पार्वती के पुत्र भगवान गणेश ने वेदव्यास के मुख से निकली वाणी और वैदिक ज्ञान को लिखा था। ऐसा इसलिए किया ताकि आम लोग इस कहानी को पढ़ सकें और समझ सकें।

 

Ganesha ved

 

कहां लिखी थी कथा

पौराणिक मान्यताओं के अनुसार व्यास जी ने गणेश जी को अपनी बातों में उलझा दिया और गणेश से अपनी पूरी महाभारत कथा उत्तराखंड में स्थित मांणा गांव की एक गुफा में लिखवाई थी, जिसके तथ्य आज भी मौजूद हैं।

 

vyas-pothi-

 

कहां मौजूद है गुफा

महाभारत को जहां भगवान गणेश और व्यास ने मिलकर बनाया था वह गुफा अलकनंदा और सरस्वती नदी के संगम तट पर मौजूद है। यह पवित्र स्थान देवभूमि उत्तराखंड में बद्रीनाथ धाम से करीब तीन किलोमीटर की दूरी पर है।

 

mana-village

 

क्यों नाम पड़ा व्यास पोथी

इस गुफा में व्यास ने अपना अधिक समय गुजारा था। महाभारत समेत कई पुराणों की रचना की थी। व्यास गुफा को बाहर से देखकर ऐसा लगता है मानो कई ग्रंथ एक दूसरे के ऊपर रखे हुए हैं, इसलिए इसे व्यास पोथी भी कहते हैं.…Next

 

 

Read More:

दिवाली पर क्यों बनाते हैं घरों में रंगोली, वर्षों पुरानी है परंपरा

श्रीकृष्ण ने की थी गोवर्धन पूजा शुरुआत, जानें क्या है पूजा का महत्व

घरौंदा के बिना अधूरी है दीपावली, जानें इसे बनाने के पीछे क्या है कथा

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading...
  • Facebook
  • SocialTwist Tell-a-Friend

अन्य ब्लॉग